अपराध  पीड़ित परिवार को  1 लाख रुपये प्रतिकर राशि

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भोपाल जेल में देश की तीसरी अण्डा सेल का निर्माण शुरू
जेल मंत्री श्री आर्य ने भोपाल जेल में व्यवस्थाओं का किया निरीक्षण

भोपाल : सोमवार, मार्च 19, 2018

 जेल मंत्री श्री अंतर सिंह आर्य ने आज भोपाल सेन्ट्रल जेल का निरीक्षण किया। उन्होंने जेल में बंद कैदियों द्वारा घटित अपराधों से पीड़ित परिवार को दी जाने वाली प्रतिकर राशि 25 हजार से बढ़ाकर 1 लाख रूपये करने और अच्छे आचारण वाले कैदियों की कुल सजा में एक माह की छूट देने की घोषणा की। जेल मंत्री ने कहा कि प्रतिकर राशि में बढ़ोत्तरी 1 अप्रैल, 2018 से लागू होगी। श्री आर्य ने बताया कि कैदियों का परिश्रमिक बढ़ाने और 65 साल की आयु पूरी कर चुके कैदियों को जल्दी रिहा करने पर भी विचार किया जा रहा है। इस मौके पर अतिरिक्त जेल महानिदेशक श्री सुधीर साही और उप-महानिरीक्षक श्री संजय पाण्डे मौजूद थे।

मंत्री श्री आर्य ने भोपाल जेल में बन रही देश की तीसरी अण्डा सेल का निरीक्षण किया। इस सेल में हार्डकोर अपराधियों को रखा जायेगा। साढ़े तीन करोड़ रुपये की लागत से जेल में 31 अण्डा सेल बनवाई जा रही हैं। इनका पूरा निर्माण कार्य आर.सी.सी. पर किया जा रहा है। इन्हें ना कैदी तोड़ सकेंगे और ना ही इसमें सुरंग बना सकेंगे। कैदियों की दिनचर्या की सम्पूर्ण व्यवस्था सेल में ही रहेगी। मंत्री ने जेल का भ्रमण कर डबल चार दीवारी का निरीक्षण किया और कटीले तार की फैंसिंग को जल्दी पूरा कराने के निर्देश दिये।

जेल मंत्री ने रसोई में खाने को चखकर गुणवत्ता को सही बताया। श्री आर्य ने महिला कैदियों के लिये सिलाई-कढ़ाई-पढ़ाई और आईटी प्रशिक्षण व्यवस्था का भी निरीक्षण किया। महिला अस्पताल में 15 दिन पूर्व बच्चे को जन्म देने वाली माँ और बच्चे की अच्छी देखभाल करने के निर्देश दिये। जेल में 126 महिला कैदी हैं।

मंत्री श्री आर्य ने नियंत्रण कक्ष में जाकर कैदियों की स्थिति और सुरक्षा व्यवस्था की मॉनिटरिंग की। उन्हें बताया गया जेल में 31 सिमी बंदी है। इन पर विशेष निगरानी रखी जाती है। जेल में नियुक्त कमांडोस की कार्य-प्रणाली का भी मुआयना किया।

श्री आर्य ने कैदियों से कहा कि हिन्दू-मुस्लिम, सिख-ईसाई सम्प्रदाय के धर्मगुरूओं के माध्यम से कैदियों की मानसिक शांति के लिए कार्यक्रम चलाये जा रहे हैं। इनका फायदा लें, रिहा होने के बाद ऐसे काम कदापि ना करें जिसके कारण जेल में दोबारा आना पड़े। उन्होंने कहा कि रिहा होने के बाद अपने जन्म को सार्थक बनायें।

 

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